Garuda Purana: इन तीन कामों को अधूरा छोड़ना पड़ सकता है भारी, हो सकता है नुकसान
Garuda Purana: गरुड़ पुराण में बताया गया है कि हमें किसी भी परिस्थिति में तीन कामों को अधूरा नहीं छोड़ना चाहिए. इससे आपको भारी नुकसान झेलना पड़ सकता है.
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Garuda Purana Niti Grantha: गरुड़ पुराण हिंदू धर्म का महत्वपूर्ण ग्रंथ है, यह 18 महापुराणों में एक है. गरुड़ पुराण में भगवान विष्णु और गरुड़ के बीच हुई बातचीत का वर्णन मिलता है. गरुण पुराण विष्णु पुराण का ही एक हिस्सा है, जिसमें जन्म, मृत्यु और मृत्यु के पश्चात की घटनाओं के बारे में बताया गया है. गरुड़ पुराण में ऐसी गूढ़ बातें बताई गई हैं, जिससे व्यक्ति का जीवन सुखी और सफल बनता है. गरुण पुराण में वर्णित बातों का अनुसरण करने से व्यक्ति को कई परेशानियों से मुक्ति मिलती है. गरुण पुराण में कुछ ऐसी बातों के बारे में बताया गया है जिन्हें कभी भी अधूरा नहीं छोड़ना चाहिए. आप चाहे किसी भी स्थिति में क्यों ना हों, लेकिन इन कामों को बिल्कुल अधूरा ना छोड़ें. ऐसा करने पर आपको भारी हानि हो सकती है और समस्या झेलनी पड़ सकती है.
इन कामों को कभी न छोड़े अधूरा
- आग- गरुड़ पुराण में बताया गया है कि कभी भी आग लगने पर इंतजार न करें और न ही इसे बीच में छोड़े. इससे आपका सबकुछ बर्बाद हो जाता है. इसलिए किसी भी जगह आग लग जाए तो उसे तुरंत बुझाने की कोशिश करें. क्योंकि आग की छोटी सी चिंगारी भी सबकुछ तबाह कर सकती है और इससे जान-माल का भारी नुकसान हो सकता है.
- रोग-बीमारी- बीमारी छोटी हो या बड़ी इसे हल्के में नहीं लेना चाहिए. क्योंकि कभी-कभी छोटी सी बीमारी ही गंभीर रोग का कारण बनती है. इसलिए बीमारी का पता चलते ही या शारीरिक कष्ट होने पर तुरंत उपचार कराएं. साथ ही बीमारी जबतक जड़ से समाप्त नहीं हो जाती, बीच में उपचार या दवाओं को बंद न करें.
- उधारी- कर्ज और उधारी को अधूरा छोड़ने की गलती न करें और इसे तय समय में ही चुका दें. क्योंकि कर्ज को बीच में छोड़ देने पर आपको मूल से ज्यादा सूद यानी कर्ज से ज्यादा ब्याज चुकाना पड़ सकता है.
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