Ladakh First Chief Secretary: जम्मू-कश्मीर से अलग होने के बाद लद्दाख को पहला मुख्य सचिव मिल गया है. उपराज्यपाल के सलाहकार पवन कोतवाल को मुख्य सचिव बनाया गया है. 1994 बैच (एजीएमयूटी कैडर) के आईएएस अधिकारी डॉ. पवन कोतवाल अब लद्दाख के मुख्य सचिव की भूमिका निभाएंगे. हालांकि उनकी मौजूदा जिम्मेदारियों में कोई बदलाव नहीं किया गया है.

इससे पहले पिछले महीने गृह मंत्रालय ने लद्दाख के लिए मुख्य सचिव के पद को मंजूरी दी थी और पवन कोतलवाल उपराज्यपाल के सलाहकार की भूमिका निभा रहे थे. केंद्र सरकार ने 3 जनवरी, 2025 को भारतीय प्रशासनिक सेवा नियमावली में संशोधन करन के लिए नोटिफिकेशन जारी किया था. संशोधन के बाद लद्दाख के लिए मंजूर किए गए भारतीय प्रशासनिक सेवा  के 14 पदों में मुख्य सचिव के पद को भी शामिल किया था.

कौन हैं पवन कोतवाल?

डॉ. पवन कोतवाल का जन्म 1965 में जम्मू-कश्मीर में हुआ था. वो बेहद अनुभवी सिविल सर्वेंट हैं और जम्मू-कश्मीर में कई अहम पदों पर काम कर चुके हैं. उनके पास बैचलर ऑफ मेडिसिन और बैचलर ऑफ सर्जरी (एमबीबीएस) की डिग्री है. अपने करियर के दौरान उन्होंने जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में कई प्रमुख प्रशासनिक पदों पर काम किया है, जिसमें जम्मू के डिवीजनल कमिश्नर, कई जिलों में डिप्टी कमिश्नर और स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा, राजस्व और योजना विभागों में प्रमुख सचिव शामिल हैं.

पवन कोतवाल को 2019 में लद्दाख मे किया गया था तैनात

उन्होंने राजस्व विभाग में वित्तीय आयुक्त, पंजीकरण महानिरीक्षक और जम्मू और कश्मीर के मुख्यमंत्री के सचिव के रूप में भी काम किया है. लद्दाख प्रशासन ने कहा है कि यह कदम शासन को और मजबूत करेगा और क्षेत्र में प्रशासनिक प्रभावशीलता को बढ़ाएगा. 2019 में जम्मू कश्मीर के पुनर्गठन के बाद उन्हें केंद्र शासित प्रदेश लद्दाख में तैनात किया गया था.  

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