Parliament Budget Session 2025: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2025 के बजट सत्र से पहले प्रेस को संबोधित किया. उन्होंने 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को दोहराया और इस बजट को नई ऊर्जा और विश्वास देने वाला बताया. यह उनके तीसरे कार्यकाल का पहला पूर्ण बजट है. इस सत्र में कई ऐतिहासिक बिलों पर चर्चा होगी. नारीशक्ति को सशक्त बनाने के लिए बड़े फैसले लिए जाएंगे.


बजट सत्र की शुरुआत पर पीएम मोदी ने मां लक्ष्मी को नमन किया. उन्होंने कहा कि  आज बजट सत्र की शुरुआत में मैं मां लक्ष्मी को प्रणाम करता हूं. मां लक्ष्मी हमें सिद्धि, विवेक, समृद्धि और कल्याण देती हैं. मैं प्रार्थना करता हूं कि देश के गरीब और मध्यम वर्ग पर मां लक्ष्मी की विशेष कृपा बनी रहे.


प्रधानमंत्री मोदी के संबोधन की मुख्य बातें


प्रधानमंत्री मोदी के संबोधन की मुख्य बातें इस प्रकार है.


2047 तक विकसित भारत का संकल्प:



  • मैं विश्वास से कह सकता हूं कि 2047 में जब आजादी के 100 साल होंगे, तब तक विकसित भारत का जो संकल्प देश ने लिया है, ये बजट सत्र और ये बजट उसमें एक नया विश्वास पैदा करेगा और नई ऊर्जा देगा.

  • देश की जनता ने मुझे तीसरी बार जिम्मेदारी दी है. यह मेरे तीसरे कार्यकाल का पूरा बजट है. 

  • मैं विश्वास के साथ कह सकता हूं कि यह बजट नई ऊर्जा देगा, यह विश्वास दिलाएगा कि 2047 तक देश का विकास होगा और 140 करोड़ लोग अपने संकल्प से इस विजन को पूरा करेंगे.  


नारीशक्ति के सशक्तिकरण पर जोर:



  • हम अपने तीसरे कार्यकाल में देश के सर्वांगीण विकास के संकल्प के साथ मिशन मोड में आगे बढ़ रहे हैं.

  • विशेषकर नारीशक्ति के गौरव को पुनः प्रस्थापित करना, पंथ-संप्रदाय के भेद से मुक्त होकर हर नारी को सम्मानपूर्ण जीवन और समान अधिकार मिले, इस दिशा में इस सत्र में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाएंगे.


अर्थव्यवस्था के तीन स्तंभ: Innovation, Inclusion, Investment



  • Innovation, Inclusion और Investment लगातार हमारी आर्थिक गतिविधि के रोड मैप का आधार रहे हैं.

  • इस सत्र में हमेशा की तरह कईं ऐतिहासिक बिल पर सदन में चर्चा होगी और व्यापक मंथन के साथ वो राष्ट्र की ताकत बढ़ाने वाले कानून बनेंगे.


युवा सांसदों के लिए सुनहरा अवसर



  • इस बजट सत्र में सभी सांसद विकसित भारत को मजबूती देने के लिए अपना योगदान देंगे. विशेषकर जो युवा सांसद हैं, उनके लिए तो ये सुनहरा अवसर है क्योंकि वो सदन में जितनी जागरूकता और भागीदारी बढ़ाएंगे, विकसित भारत के फल उनकी नजर के सामने देखने को मिलेंगे.


विदेशी हस्तक्षेप पर कटाक्ष



  • हमेशा सत्र से पहले विदेश से कोई आग लगाने की कोशिश होती है. पहली बार सत्र से पहले कोई विदेशी चिंगारी नहीं सुलगी.

  • मैं आशा करता हूं कि हम देश की आशा-आकांक्षाओं के इस बजट सत्र में खरे उतरेंगे.


अब आगे क्या?
बजट सत्र में अर्थव्यवस्था, रोजगार और सामाजिक कल्याण से जुड़े बड़े फैसले लिए जा सकते हैं. महिलाओं और गरीब वर्ग के लिए विशेष योजनाओं की घोषणा संभव है. 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लिए ठोस रणनीतियों पर काम होगा.


ये भी पढ़ें: Budget Session 2025 Live: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का अभिभाषण- देश का मान बढ़ा रहीं बेटियां, गरीबों को मिल रहा सम्मान