अपने आवास पर बुलाई गयी प्रेसवार्ता में अतुल प्रधान प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार पर हमलावर दिखे. उन्होंने कहा कि हत्या, लूट, डकैतियों की घटनाओं से पूरा प्रदेश कराह रहा है. बीजेपी विधायक के बंगले पर हुए हमले के दो दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली है. कैंट जैसे सुरक्षित इलाके में जेड और वाई श्रेणी सुरक्षा के बीच विधायक के आवास पर हुआ हमला साबित करता है कि सूबे में अपराधियों के हौसले कितने बुलंद है. प्रदेश के लिए इससे ज्यादा बुरी स्थिति दूसरी कोई नहीं हो सकती.
हमले की घटना की सच्चाई पर सवाल खड़े करते हुए अतुल प्रधान ने कहा कि अगर केस सच्चा है तो सीबीआई या केन्द्र की दूसरी कोई भी बड़ी एजेंसी इस केस की जांच करे. मुमकिन हो तो केस की जांच माननीय सुप्रीमकोर्ट की निगरानी में कराई जाये. जिससे वारदात का दूध का दूध और पानी का पानी हो सके. बीजेपी और बीजेपी से जुड़े लोगों की सच्चाई सामने आनी चाहिए.
यह सवाल करने पर कि संगीत सोम के बंगले पर हुए हमले को सपा सियासी स्टंट बना रही है, अतुल प्रधान ने आरोप को खारिज करते हुए कहा कि जब तक जांच जारी है, इसे सियासी स्टंट नही कहा जा सकता. संगीत सोम को निशाना बनाते हुए अतुल ने कहा कि बीजेपी विधायकों पर पहले हुए हमलों की चीजें अभी तक खुलकर सामने नहीं आई हैं इसलिए कई बार ऐसी घटनाओं पर संदेह होता है. जनता जानना चाहती है कि सच्चाई क्या है.