Donkey Route To America: पंजाब के रमदास के रहने वाले 33 वर्षीय गुरप्रीत की डंकी रूट के जरिए अमेरिका जाते वक्त हार्ट अटैक से मौत हो गई. इस दुखद घटना ने एक बार फिर अवैध आप्रवासन और मानव तस्करी के खतरों को उजागर किया है. मृतक युवक को एक ट्रैवल एजेंट ने अमेरिका भेजने की योजना बनाई गई थी, जिसके लिए उन्होंने युवक और उसके परिवार से 36 लाख रुपये वसूले थे.
गुरप्रीत को अमेरिका भेजने के लिए ट्रैवल एजेंटों ने उसे डंकी रूट यानी अवैध तरीके से अलग-अलग देशों के जरिए अमेरिका पहुंचाने का तरीका अपनाया, लेकिन यात्रा के दौरान ग्वाटेमाला और मेक्सिको के पास गुरप्रीत को हार्ट अटैक पड़ा, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई. यह घटना अवैध आप्रवासन की गंभीरता को दर्शाती है, जहां लोग बेहतर जीवन की तलाश में अपनी जान जोखिम में डालते हैं.
परिवार ने ट्रैवल एजेंट पर लगाए गंभीर आरोप
गुरप्रीत के परिवार का कहना है कि ट्रैवल एजेंटों ने युवक को अवैध तरीके से अमेरिका भेजने का वादा किया था. इसके बदले में उन्होंने परिवार से 36 लाख रुपये वसूल किए थे. हालांकि, इस अवैध यात्रा के दौरान गुरप्रीत को दिल का दौरा पड़ गया, जिसके कारण उसकी मौत हो गई. परिवार का आरोप है कि ट्रैवल एजेंटों ने गुरप्रीत को सुरक्षित तरीके से विदेश भेजने का झूठा आश्वासन दिया था.
इस हादसे के बाद गुरप्रीत का परिवार सदमे में है और उन्होंने न्याय की मांग की है. इस घटना से अवैध ट्रैवल एजेंटों के लोगों से पैसे वसूलकर अवैध आप्रवासन के खतरनाक रास्ते पर भेजे जाने की बढ़ती घटनाओं पर सवाल खड़े हो गए हैं.
अवैध आप्रवासन की बढ़ती समस्या
हाल ही में अमृतसर के श्री गुरु रामदास जी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर 104 अवैध अप्रवासियों को लेकर एक अमेरिकी सैन्य विमान पहुंचा था. निर्वासित लोगों में पंजाब, हरियाणा, गुजरात, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और चंडीगढ़ के लोग शामिल थे. अवैध आप्रवासन की यह समस्या पंजाब सहित कई राज्यों में बढ़ती जा रही है, जहां युवा बेहतर जीवन की तलाश में अवैध तरीकों से विदेश जाने की कोशिश करते हैं. डंकी रूट के माध्यम से अमेरिका, कनाडा और अन्य देशों में पहुंचने के लिए लोग अपनी जान जोखिम में डालते हैं और इस दौरान कई बार उनके साथ अप्रिय घटनाएं हो जाती हैं.
क्या है डंकी रूट?
डंकी रूट अवैध आप्रवासन का एक तरीका है, जिसमें लोगों को कई देशों के माध्यम से अवैध तरीके से उनके गंतव्य देश तक पहुंचाया जाता है. यह एक खतरनाक और जोखिम भरा रास्ता होता है, जिसमें लोगों को लंबे समय तक मुश्किल परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है. डंकी रूट के जरिए जाने वाले लोगों को मानव तस्करों द्वारा कई बार अमानवीय परिस्थितियों में रखा जाता है, जिससे उनकी जान भी जा सकती है.
अवैध आप्रवासन के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जरूरत
गुरप्रीत की मौत ने एक बार फिर अवैध आप्रवासन की गंभीरता को उजागर किया है. सरकार और प्रशासन को इस तरह की अवैध गतिविधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की जरूरत है. साथ ही, लोगों को भी इस तरह के अवैध तरीकों से विदेश जाने से बचना चाहिए और अपने जीवन को जोखिम में नहीं डालना चाहिए. अवैध आप्रवासन के खिलाफ कड़े कदम उठाकर ही इस समस्या को नियंत्रित किया जा सकता है, जिससे भविष्य में इस तरह की दुखद घटनाओं से बचा जा सके.