मुज़फ्फराबाद: पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) में आज पीओके विधानसभा के लिए चुनाव है. पाकिस्तानी सेना ने कहा है कि वह चुनाव के दौरान शांति बनाए रखने के लिए स्थानीय अधिकारियों के अनुरोध पर वहां सैनिक तैनात करेगी. हालांकि कोरोना वायरस संक्रमण फिर से फैलने के खतरे के कारण चुनाव को दो महीने के लिए टालने की अपील की जा रही थी.
विधानसभा के 45 प्रतिनिधी चुने जाएंगे
चुनाव पीओके में 33 और कश्मीरी प्रवासियों के लिए 12 सहित विधानसभा के 45 प्रतिनिधियों को चुनने के लिए होगा. 28 लाख से अधिक पात्र मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे. इससे पहले, नेशनल कमांड एंड ऑपरेशन सेंटर (एनसीओसी) ने कोरोना वायरस संक्रमण फिर से फैलने के खतरे के कारण पीओके में चुनाव दो महीने के लिए स्थगित करने का आग्रह किया था, लेकिन इसे सभी विपक्षी दलों ने खारिज कर दिया था.
जुलाई 2016 में हुआ था पिछला आम चुनाव
पीओके विधानसभा के लिए पिछला आम चुनाव जुलाई 2016 में हुआ था और पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के नेतृत्व में पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज ने उसमें जीत दर्ज की थी.
भारत की पाकिस्तान को दो टूक
गौरतलब है कि पिछले साल पाकिस्तान ने गिलगित-बाल्टिस्तान में विधानसभा चुनाव कराया था. भारत ने गिलगित-बाल्टिस्तान में चुनाव कराने के फैसले के लिए पाकिस्तान की आलोचना की थी और कहा था कि सैन्य कब्जे वाले क्षेत्र की स्थिति को बदलने के लिए किसी भी कार्रवाई का कोई कानूनी आधार नहीं है. भारत ने पाकिस्तान को दो टूक कह दिया है कि गिलगित और बाल्टिस्तान के क्षेत्रों सहित केंद्र शासित प्रदेशों, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख का संपूर्ण क्षेत्र उसका (भारत का) अभिन्न अंग है.