China News: चीन ने अमेरिका में अपने राजदूत क़िन गांग को नया विदेश मंत्री नियुक्त किया है, जो वांग यी की जगह लेंगे. क़िन गांग चीन की कम्युनिस्ट पार्टी की केंद्रीय समिति के पोलिटिकल ब्यूरो के सदस्य और स्टेट काउंसिलर हैं. क़िन गांग ने अमेरिका में अपने कार्यकाल के दौरान सभी को बेहद प्रभावित किया.
गौरतलब है कि क़िन गांग को ऐसे समय पर विदेश मंत्री बनाया गया है जब अपनी आक्रामक विदेश नीति के चलते चीन दुनियाभर में निशाने पर है. हाल के दिनों में भारत चीन सीमा विवाद सुर्ख़ियों में है. इससे पहले किन गांग अमेरिका में चीनी राजदूत के तौर पर सेवाएं दे रहे थे.
चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता और सहायक विदेश मंत्री हुआ चुनयिंग ने ट्वीट किया कि चीन के नए विदेश मंत्री के रूप में नियुक्ति के लिए किन गांग को बधाई! उनकी नियुक्ति से चीन की कूटनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत होगी.
आइए आपको क़िन गांग के बारे में बताते हैं
- अमेरिका में क़िन गांग का राजदूत के तौर पर 17 महीनों का कार्यकाल दुनिया की दो सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच बढ़ते तनाव का ही गवाह रहा.
- किन पहले विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता थे और बाद में उपमंत्री के पद तक पहुंचे. पिछले 10 वर्षों में शी जिनपिंग के साथ करीबी से जुड़े हुए हैं और शी के सभी विदेशी दौरों में उनके साथ जाते थे.
- साल 2021 में जब क़िन गांग वॉशिंगटन पहुंचे तो बहुत कम ही अमेरिकी अधिकारियों तक उनकी पहुंच थी. कई बार आग्रह के बावजूद अमेरिकी अधिकारी उनसे मिलने से हिचकते रहे.
- पांच सौ से अधिक दिन अमेरिका में बिताने के बाद क़िन गांग ने अमेरिका और अमेरिकियों की तारीफ़ की है.
- साल 2021 में क़िन गांग ने अमेरिका में चीन के राजदूत का पद तब संभाला जब दोनों देश बेहद चुनौतीपूर्ण स्थिति में थे.
- अपने कार्यकाल में गांग अमेरिका के 22 राज्यों, सरकारी एजेंसियों, कांग्रेस, थिंक टैंक, फ़ैक्टरियों, बंदरगाहों, खेतों, स्कूलों और खेल के मैदानों का दौरा किया और बहुत से अमेरिकियों को अपना दोस्त बनाया.
- क़िन गांग ने ट्वीट करते हुए कहा है कि मैं चीन-अमेरिका संबंधों के विकास की देखभाल और समर्थन करना जारी रखूंगा, दोनों देशों के लोगों के बीच संवाद, आपसी समझ और आत्मीयता को प्रोत्साहित करूंगा.
- एक्सपर्ट बताते हैं कि क़िन चीन में कोई नया चेहरा नहीं है. चीन के विदेश मंत्रालयों में सबसे बुलंद आवाज़ों में से एक माने जाने वाले क़िन ने अमेरिका पहुंचते ही अपने रुख में नरमी दिखाना शुरू कर दिया था.