न्यूजीलैंड के खिलाफ सेमीफाइनल मुकाबले में मिली हार के बाद विश्व कप 2019 में भारतीय टीम का सफर खत्म हो गया है. इस हार के साथ ही भारतीय कप्तान विराट कोहली और टीम मैनेजमेंट के सामने कई बड़े सवाल भी खड़े हो गए हैं.
सेमीफाइनल मुकाबले में टॉप ऑर्डर के बिखरने के बाद टीम को मुश्किल से निकालने की जिम्मेदारी मध्यक्रम के बल्लेबाजों पर पर थी लेकिन उन्होंने भी अपना घैर्य नहीं रखा और गलत शॉट खेलकर आउट हो गए.
न्यूजीलैंड के खिलाफ इस मुकाबले में युवा खिलाड़ी ऋषफ पंत के पास हीरो बनने का मौका था. ओल्ड ट्रेफर्ड मैदान पर खेले गए इस मैच में न्यूजीलैंड ने जब भारत के चार विकेट 24 रनों पर गिरा दिए थे तब हार्दिक पांड्या के साथ पंत ने 47 रन जोड़े लेकिन गलत शॉट खेल आउट हो गए.
दोनों अच्छी बल्लेबाजी कर रहे थे लेकिन पंत के लिए मिचेल सैंटरन ने जो जाल बिछाया था उसमें पंत फंस गए और गलत शॉट खेल पवेलियन लौट गए.
मैच के बाद प्रेंस कॉन्फ्रेंस में कप्तान विराट कोहली ने हालांकि पंत का बचाव करते हुए कहा है कि वह समय के साथ सीख जाएंगे.
कोहली ने कहा, "वह स्वाभाविक खिलाड़ी हैं और उन्होंने खराब स्थिति से बाहर आने के लिए अच्छा काम किया है और पांड्या के साथ साझेदारी की. मुझे लगता है कि तीन/चार विकेट गंवाने के बाद उन्होंने जिस तरह से खेला वो अच्छा था, वह अभी युवा हैं. मैं भी जब युवा था तब मैंने भी काफी गलतियां कीं, लेकिन सीखा, वह भी सीखेंगे. वह जब पलट कर देखेंगे तो कहेंगें कि हां वह उस स्थिति में कुछ अलग कर सकते थे."
कोहली से जब पूछा गया कि वह ड्रेसिंग रूम में शास्त्री के साथ क्या चर्चा कर रहे थे? तो इस पर भारतीय कप्तान ने कहा, "मैंने पूछ था कि इस स्थिति से आगे जाने की क्या रणनीति है और मैदान के अंदर क्या संदेश भेजना है ताकि हम देख सकें कि मैच कहां जा रहा है."