एटा, एबीपी गंगा। उत्तर प्रदेश के एटा जिले में खाकी को शर्मसार करने वाली घिनौना वारदात का खुलासा हुआ है। जहां एक शादीशुदा महिला के पति को मुठभेड़ में मार देने, उसे जेल भेज देने और महिला का अश्लील वीडियो वायरल करने की धमकी देकर एटा के अवागढ़ थाने में तैनात दो दारोगा उसके साथ बलात्कार करते रहे। पीड़ित महिला का पति जब दिल्ली से गांव लौटा, तो महिला ने उसे पूरी आपबीती बताई। जिसके बाद पीड़ित महिला के साथ उसके पति ने एटा के अपर पुलिस अधीक्षक से शिकायत कर दारोगाओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई। फिलहाल दोनों आरोपी दारोगाओं के खिलाफ रिपोर्ट लिखकर दोनों को लाइन हाजिर कर दिया गया हैं। इस घटना से एटा के पुलिस विभाग में हड़कंप मचा हुआ हैं।


पूरा मामला क्या है


उत्तर प्रदेश के एटा जिले में अवागढ़ थाना क्षेत्र के एक गांव के रहने वाले युवक के खिलाफ न्यायालय से गैर जमानती वारंट जारी हुआ था। उसके बाद ये युवक अपने खिलाफ जारी गैर जमानती वारंट को निरस्त कराने के लिए पैसों की खातिर दिल्ली मजदूरी करने चला गया। इस दौरान अवागढ़ थाने में तैनात दरोगा योगेश कुमार तिवारी युवक के अवागढ़ स्थित घर पर बार- बार दबिश देने लगा। इस दौरान वो युवक की पत्नी का मोबाइल नंबर ले गया। फिर मोबाइल नंबर से संपर्क कर दारोगा योगेश कुमार तिवारी ने युवक की पत्नी को अपने कमरे में बुलाकर जबरन शारीरिक संबंध बनाए और मोबाइल फोन पर उसका अश्लील वीडियो भी बना लिया। इस तरह वह पिछले 4-5 महीने से युवक की पत्नी का अपने कमरे पर बुलाकर बलात्कार करता रहा और कहता था कि ये बात किसी से कही तो तेरे पति को मुठभेड़ में मार दूंगा।


इसी बीच दारोगा योगेश कुमार तिवारी के मकान में ही रहने वाले उसके साथी दारोगा प्रेम कुमार गौतम ने भी पीड़ित महिला की अश्लील वीडियो बना ली और उसका मोबाइल नंबर भी ले लिया और बात करने लगा। इसके बाद एक दिन दारोगा प्रेम कुमार गौतम ने भी युवक की पत्नी से जबरन शारीरिक संबंध बनाए और कहा कि किसी से कहा तो वीडियो वायरल कर दूंगा, तुझे रोड पर नंगा कर दूंगा और तेरे पति को जेल भिजवा दूंगा।


पीड़ित युवक ने तहरीर में कहा है कि मेरी पत्नी घबराई हुई थी, जिसके कारण लाचार होकर दुष्कर्मी पापी दोनों दरोगा का जुल्म सहती रही। पीड़ित युवक ने तहरीर में लिखा है कि इस समय पीड़ित युवती के गर्भ में लगभग तीन माह का शिशु, इसी दरोगा योगेश तिवारी का पल रहा हैं। इसके बाद जब युवक दिल्ली से घर आया तो उसकी पत्नी ने रो रोकर उसे पूरी बात बताई। उसके बाद पति- पत्नी ने इसकी पुलिस में शिकायत करने का निर्णय लिया।



इसी बीच जब दोनों दारोगाओं को पति पत्नी द्वारा मामले की पुलिस में शिकायत करने की भनक लगी, तो 8 जुलाई 2019 को उक्त दोनों दरोगाओं ने पीड़ित युवक और उसकी पीड़ित पत्नी को एटा कचहरी पर बुलाया और अपनी गाड़ी में बिठाकर कुछ न करने का दवाब बनाया। आरोपी दारोगाओं ने पीड़ित युवक को जान से मार देने की धमकी देते हुए कहा कि हम पुलिसवालों का कुछ नहीं बिगाड़ पाएगा। यहीं नहीं, इसी दौरान उक्त दोनों दारोगाओं ने 50/50 रुपये के दो खाली स्टांप पेपरों पर पीड़ित युवक और उसकी पत्नी के हस्ताक्षर भी करवा लिए।


मामले की शिकायत मिलते ही एटा पुलिस हरकत में आ गई और अपर पुलिस अधीक्षक एटा संजय कुमार ने मामले की जांच जलेसर के सीओ गुरमीत सिंह को सौंपी। जांच के बाद अवागढ़ थाने में पीड़ित महिला के पति की तहरीर पर उक्त दोनों दरोगाओं के खिलाफ आईपीसी की कई धाराओं के तहत मुकदमा पंजीकृत किया गया। इसके बाद उक्त दोनों आरोपी दारोगाओं को एटा के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक स्वप्निल ममगाई ने तुरंत प्रभाव से लाइन हाजिर कर दिया जिससे मामले की विवेचना निष्पक्ष रूप से बिना किसी दबाव के की जा सके।