Lok Sabha Elections 2024: लोकसभा के चुनावी दंगल में मायावती अकेले ठोकेंगी ताल, बसपा सांसदों में क्यों है बेचैनी?
Lok Sabha Elections: बीएसपी सुप्रीमो मायावती एनडीए या इंडिया गठबंधन में शामिल नहीं होंगी. मायावती ने आगामी चार राज्यों के विधानसभा और फिर लोकसभा चुनाव में अकेले लड़ने का एलान किया है.

UP News: 2024 के लोकसभा चुनावों (Lok Sabha Elections 2024) में जिस तरह से मायावती (Mayawati) ने अकेले मैदान में उतरने का एलान किया है, उसके बाद बहुजन समाज पार्टी (BSP) के सांसदों में बेचैनी बढ़ गई है. बीएसपी सांसदों को लग रहा है कि बिना गठबंधन के 2024 में बीजेपी (BJP) के सामने टिक पाना मुमकिन नहीं है. फिलहाल इस मामले में बीएसपी के सांसद कुछ बोलने से बच रहे हैं. कुछ सासंदों से जब हमने बात करने की कोशिश की तो उनका कहना है कि इस पर वो कुछ नही बोलेंगे. सासंदों को डर है कि अगर वो खुलकर बोलते हैं तो पार्टी उनके खिलाफ कार्रवाई भी कर सकती है. ऐसे में वो चुनाव के करीब आने का इंतजार कर रहे हैं.
दरअसल, हाल ही में बीएसपी ने अपने नेता और सहानरनपुर से संभावित उम्मीदवार इमरान मसूद को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखा दिया. इसका कारण बताया गया कि वो पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल हो रहे थे, लेकिन उसके पीछे की वजह है कि वो चाहते थे कि बीएसपी विपक्ष के इंडिया गठबंधन में शामिल हो. इस बीच बुधवार को मायावती ने एक बार फिर से इंडिया गठबंधन की बैठक से पहले दनादन चार ट्वीट कर साफ कर दिया कि वो अकेले ही 2024 के चुनावों में उतरने जा रही हैं.
ये है बेचैनी की वजह
दरअसल इन सांसदों के माथे पर बल इसलिए पड़ा है क्योंकि 2022 के यूपी विधानसभा चुनाव में इनके संसदीय इलाकों में आने वाली विधानसभा सीटों पर बीएसपी साफ हो गई थी. विधानसभा चुनाव एसपी और बीएसपी ने अलग-अलग लड़ा था. बीएसपी को यूपी में विधानसभा की सिर्फ एक सीट मिली थी. सासंदों को इस बात का भी डर है कि 2014 की तरह अगर बहन जी अकेले चुनावों में जाती हैं तो रिजल्ट वही न हो जो 2014 में हुआ था, बीएसपी का जहां उसे एक भी सीट नसीब नहीं हुई थी.
कौन-कौन हैं बीएसपी के 10 सासंद और क्यों उलट गया है 2024 में इनका गणित?
1. गाजीपुर- अफजाल अंसारी- फिलहाल रद्द हो गई है सांसदी- ये जिला सपा का गढ़ है. इस जिले में 2022 की विधानसभा की सभी सीटें सपा ने जीती हैं.
2. घोसी- अतुल राय- इस लोकसभा क्षेत्र की 5 में से 2 सीटों पर सपा ने जीत दर्ज की थी. एक ओम प्रकाश राजभर की पार्टी ने जो अब बीजेपी के साथ हैं. उसके विधायक मुख्तार अंसारी के बेटे हैं, जबकि एक बीजेपी और एक बीएसपी ने जीती थी. अभी इस सीट पर उपचुनाव हो रहा है क्योंकि सपा के दारा सिंह चौहान ने बीजेपी ज्वाइन कर ली है.
3. जौनपुर- श्याम सिंह यादव- इस लोकसभा की पांच में से दो सीटों पर सपा और 3 पर बीजेपी गठबंधन का कब्जा है, बीएसपी जीरो है.
4. अंबेडकर नगर- रितेश पांडेय- 2022 के विधानसभा चुनावों में इस लोकसभा की सभी 5 सीटों पर सपा का कब्जा हुआ था.
5. लालगंज- संगीता आजाद- इनकी लोकसभा क्षेत्र में भी 2022 के विधानसभा चुनावों में सभी 5 सीटों पर सपा ने जीत हासिल की थी.
6. नगीना- गिरीश चंद्र- इस लोकसभा क्षेत्र की 3 पर सपा और दो पर बीजेपी का कब्जा है, बीएसपी जीरो है.
7. सहारनपुर- हाजी फजलुर्र रहमान- इस सीट की 5 विधानसभाओं में दो पर सपा और 3 पर बीजेपी का कब्जा है, बीएसपी जीरो है.
8. अमरोहा- कुँवर दानिश अली- इस लोकसभा की पांच में से दो सीटों पर सपा और 3 पर बीजेपी जीती है, बीएसपी जीरो है.
9. श्रावस्ती- राम शिरोमनी- इस लोकसभा की 5 विधानसभा में से 4 पर बीजेपी ने जीत दर्ज की थी जबकि एक सपा ने जीती थी, बीएसपी जीरो है.
10. बिजनौर- मलूक नागर- इस लोकसभा की 5 विधानसभा में 3 पर सपा-आरएलडी गठबंधन और दो पर बीजेपी का कब्जा है, बीएसपी शून्य है.
यूपी में क्या है मायावती की परेशानी?
मायावती का वोट यूपी में लगातार गिर रहा है. यही उनकी परेशानी की वजह है. 2022 के विधानसभा चुनाव में मायावती की पार्टी को महज एक सीट मिली थी. विधानसभा चुनावो में बीएसपी का फिक्स वोट बैंक जो कभी तकरीबन 22 फीसदी पर होता था, अब 12.88 पर जा सिमटा है. यूपी के पंचायत चुनावों में भी उसे भारी झटका लगा है. बीएसपी के कई बड़े और छोटे नेता सपा और कांग्रेस का रुख कर चुके हैं. अपने बल पर चुनाव लड़ने का जोखिम उठा रही बीसएपी 2014 के चुनाव में तो शून्य पर सिमट गई थी.
इन चुनावों में बीएसपी का वोट प्रतिशत
- 2019 के लोकसभा चुनाव में खासकर यूपी में बीएसपी को 19.43 प्रतिशत, सपा को 18.11 प्रतिशत वोट मिले थे. कांग्रेस को 6.36 फीसदी वोट शेयर और बीजेपी को यहां से करीब 50 प्रतिशत वोट शेयर प्राप्त हुआ था.
- 2017 के विधानसभा चुनाव में बीएसपी सभी 403 सीटों पर अकेले चुनाव लड़ी थी, जिसमें 19 सीटों पर जीत दर्ज की थी और वोट 22 फीसदी से ज्यादा मिले थे.
- 2014 के लोकसभा चुनाव में बीएसपी को सीट भले ही शून्य रही हो लेकिन तकरीबन 20 फीसदी वोट मिले थे.
- 2012 के विधानसभा चुनाव में बीएसपी को तकरीबन 26 फीसदी वोट मिले था और 80 सीटों पर जीत मिली थी.
बीजेपी को होगा फायदा
वरिष्ठ पत्रकार अभय दूबे बताते हैं कि मायावती के अकेले लड़ने से विपक्षी वोटों का बंटवारा होगा. इस बंटवारे से बीजेपी को फायदा होगा, जिस तरीके से पश्चिमी यूपी में मायावती के अकेले चुनाव लड़ने के कारण 2022 के विधानसभा चुनावों में सपा गठबंधन को कई सीटों पर नुकसान हुआ था.
क्या बता रहा है ABP News C Voter Survey?
हाल के सर्वे के मुताबिक, बीएसपी पार्टी को अगले साल 2024 में होने वाले चुनाव में बड़ा झटका लगने का अनुमान है. 2024 के चुनाव में मायावती को शून्य पर आउट होने का अनुमान है. सर्वे में बीएसपी पार्टी को उसके पारंपरिक दलित वोटर्स के बावजूद एक भी सीट पर जीत मिलने का अनुमान नहीं है.
NDA-INDIA को यहां कितनी सीटें?
2019 के चुनाव में यूपी से एनडीए को 62 सीटें, अपना दल (एस) को दो सीट और कांग्रेस को एक सीट पर जीत मिली थी. वहीं 2024 के लोकसभा चुनाव के लिए किए गए इस सर्वे में बीजेपी के नेतृत्व वाले एनडीए को यहां की कुल 80 सीटों में से 73 पर जीतने का अनुमान है, जबकि इंडिया गठबंधन में शामिल कांग्रेस, सपा और आरएलडी को सात सीटें मिलने का अनुमान आया है. बता दें आगामी चुनाव को लेकर मायावती की बीएसपी ने राजस्थान में भी चार उम्मीदवार उतारने की घोषणा की है.
सर्वे में उत्तर प्रदेश में पार्टी-वाइज किसको कितनी सीटें?
बीजेपी- 70
एसपी- 4
कांग्रेस- 2
अपना दल- 2
एसबीएसपी- 1
आरएलडी- 1
बीएसपी- 0
ये भी पढ़ें- UP Politics: 'चीन और पाकिस्तान पर फिदा हैं राहुल गांधी...', डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने आखिर क्यों कही ये बात
ट्रेंडिंग न्यूज
टॉप हेडलाइंस

