UP News: सुल्तानपुर (Sultanpur) में देहात कोतवाली पुलिस की बड़ी करतूत उजागर हुई है. आरोप है कि पिछले तीन दिनों से बिना किसी शिकायती पत्र के पुलिस ने एक युवक को थाने पर बैठाए रखा.  इसके बाद बेटे से मिलने आए दंपत्ति वापस लौट रहे थे तो ट्रक ने टक्कर मार दी. इस घटना में मां की.दर्दनाक मौत (Woman Died) हो गई वहीं पिता बाल-बाल बच गया. घटना के बाद गांव वालों ने शव सड़क पर रख दिया और पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन (Protest) करने लगे. वहीं युवक की मां की मौत की जानकारी लगते ही आनन-फानन में युवक को छोड़ दिया. फिलहाल सूचना पर पहुंचे अधिकारियों ने जांच के बाद कार्रवाई की बात की है.

दरअसल ये मामला देहात कोतवाली क्षेत्र के पूरे किरतापुर पांडेयपुर गांव का है. इसी गांव के रहने वाले संदीप यादव को तीन दिन पहले पुलिस ने एक निमंत्रण से उठा लिया और थाने ले आई. तब से उसे थाने पर ही रखा गया. संदीप के माता-पिता लगातार अपने बेटे को छुड़ाने के लिए तीन दिनों से थाने के चक्कर काट रहे थे. बुधवार सुबह भी संदीप के पिता मेवा लाल और माता राजदेई थाने पहुंचे हुए थे लेकिन पुलिस संदीप को छोड़ने के बजाय उन्हें वापस घर भेज दिया. संदीप के माता-पिता थाने से ही निकले थे कि दोमुहा तिराहे के पास एक ट्रक की चपेट में आ गए. इस घटना में संदीप की मां राजदेई की मौके पर ही मौत हो गई जबकि पिता बाल-बाल बच गए. घटना की जानकारी लगते ही गांव वालों ने सड़क जाम कर दिया और प्रदर्शन करने लगे. वहीं सूचना मिलते ही पुलिस ने संदीप को छोड़ दिया.


छोड़ने के नाम पर पैसा मांग रही थी पुलिस


संदीप की माने तो पिछले तीन दिनों से उसे बिना किसी शिकायती पत्र, या एफआईआर के यहां रखा गया और छोड़ने के एवज में पैसो की डिमांड की जा रही थी. एसडीएम वंदना पांडेय ने बताया कि यहां पर एक दुर्घटना हो गई है. ट्रक की चपेट में आने से महिला की मौत हो गई है. परिजनों का आरोप है कि कुछ दिन पहले यहां थाने में पूछताछ के लिए बेटे को बुलाया गया था. वह उससे मिलने आई थी और उसी क्रम में ये दुर्घटना हो गई है. पुलिस के प्रति लोगों में आक्रोश है. इस संबंध में अलग से एफआईआर की कार्रवाई की जा रही है. ट्रक को पकड़ लिया गया है. 


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