Uttarakhand News: राष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड का शानदार प्रदर्शन लगातार जारी है. रविवार को उत्तराखंड के खिलाड़ियों ने एक स्वर्ण सहित कुल सात पदक जीतकर राज्य की पदक तालिका में इजाफा किया. इस सफलता के साथ उत्तराखंड अब तक कुल 69 पदक जीत चुका है, जिसमें 15 स्वर्ण शामिल हैं. राज्य के खिलाड़ी विशेष रूप से ताइक्वांडो, वुशु और बॉक्सिंग में शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं. मॉडर्न पेंटाथलान पुरुष वर्ग की व्यक्तिगत स्पर्धा में आदित्य नेगी ने स्वर्ण पदक जीतकर उत्तराखंड का नाम रोशन किया.
इसके अलावा, इसी स्पर्धा के टीम इवेंट में भी उत्तराखंड के खिलाड़ियों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया. आदित्य नेगी ने टीम इवेंट में रजत पदक भी जीता, जबकि कंचन नेगी और ऋषभ मिंगवाल ने भी रजत पदक हासिल किया. शूटिंग स्पर्धा में भी उत्तराखंड के खिलाड़ी कमाल कर रहे हैं. रविवार को आर्या त्यागी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए कांस्य पदक जीता. उनके इस प्रदर्शन ने उत्तराखंड की पदक तालिका को और मजबूत किया.
नेटबॉल में उत्तराखंड की टीम ने किया शानदार प्रदर्शननेटबॉल में भी उत्तराखंड की टीम ने शानदार खेल दिखाया. पुरुष वर्ग के फाइनल मुकाबले में उत्तराखंड को हरियाणा के खिलाफ 74-71 के करीबी अंतर से हार का सामना करना पड़ा और उसे रजत पदक से संतोष करना पड़ा. वहीं, महिला वर्ग में कांस्य पदक के लिए हुए मुकाबले में उत्तराखंड और तेलंगाना का स्कोर 42-42 से बराबरी पर रहा. इस कारण दोनों टीमों को संयुक्त रूप से कांस्य पदक प्रदान किया गया.
उत्तराखंड को अब तक मिलें इतने पदकराष्ट्रीय खेलों में उत्तराखंड ने अब तक 15 स्वर्ण, 25 रजत और 29 कांस्य सहित कुल 69 पदक जीते हैं. राज्य के खिलाड़ियों ने विभिन्न खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है. ताइक्वांडो में उत्तराखंड के खिलाड़ियों ने दो स्वर्ण सहित कुल 12 पदक जीते हैं. वहीं, बॉक्सिंग में तीन स्वर्ण सहित कुल पांच पदक और वुशु में एक स्वर्ण सहित 12 पदक जीतकर शानदार प्रदर्शन किया है. राष्ट्रीय खेलों में सर्विसेज की टीम अब तक 42 स्वर्ण सहित कुल 71 पदक जीतकर शीर्ष स्थान पर बनी हुई है. वहीं, कर्नाटक 31 स्वर्ण सहित 62 पदकों के साथ दूसरे और महाराष्ट्र 29 स्वर्ण सहित 118 पदकों के साथ तीसरे स्थान पर है. उत्तराखंड अपने शानदार प्रदर्शन के चलते पदक तालिका में सातवें स्थान पर बना हुआ है.
उत्तराखंड के खेल अधिकारियों और कोचों का कहना है कि राज्य के खिलाड़ी लगातार बेहतरीन प्रदर्शन कर रहे हैं और उनका लक्ष्य आगामी मुकाबलों में और अधिक पदक जीतना है. खिलाड़ियों को उच्च स्तर की ट्रेनिंग और सुविधाएं प्रदान की जा रही हैं, जिससे वे अपने खेल में और सुधार कर सकें.