Varanasi News: बीते चार-पांच दिनों में वाराणसी (Varanasi) सहित पूर्वांचल में रुक-रुक कर हुई बारिश ने फूल विक्रेता किसानों को भारी नुकसान पहुंचा दिया है.  बारिश की वजह से फूलों की खेती को नुकसान पहुंचा है. जिससे फूल विक्रेता उन्हें फेंकने को  मजबूर हो रहें हैं. किसानों का कहना है कि इस सीजन में जहां एक तरफ फूलों की भरी मांग होती है जिससे उन्हें काफी फायदा भी होता था,  लेकिन बारिश की वजह से ज्यादातर फूल खराब हो रहे हैं जिससे उनकी बिक्री नहीं हो रही है.


कैथी के रहने वाले फूल विक्रेता संतोष कुमार ने बताया कि वो नियमित तौर पर वाराणसी के मलदहिया स्थित फूल मंडी पर फूल बेचने के लिए वह आते हैं,  लेकिन बीते चार-पांच दिनों से हो रही रुक-रुक कर बारिश की वजह से उनके फूल खराब हो जा रहे हैं. फूलों पर काले धब्बे लग जा रहे हैं जिसकी वजह से उनकी बिक्री नहीं हो रही. 


बारिश से फूलों की खेती हुई खराब
संतोष कुमार ने बताया कि पिछले कुछ दिनों में उन्हें तकरीबन 25 से 30 हज़ार का नुकसान हुआ है. शादी विवाह के सीजन में इन गेंदे और सफेद फूलों की काफी मांग रहती है. त्योहार के बाद शादी और मांगलिक कार्यक्रम में काफी फायदा पहुंचता था, लेकिन इस बार फूल खराब होने की वजह से इनकी बिक्री नहीं हो पा रही जिसकी वजह से फूल विक्रेता इन्हें सड़क पर ही फेकने को मजबूर हो रहे हैं.


दीपोत्सव के समय वाराणसी के इसी फूल मंडी से करोड़ों का व्यापार हुआ था. शादी सीजन में भी भारी संख्या में लोग फूल मंडी से अलग-अलग फूलों की खरीदारी करते हैं. वाराणसी जौनपुर भदोही सहित आसपास के जिलों के किसान अपने फूलों को बेचने के लिए यहां पर पहुंचते हैं, लेकिन इस बार हल्की बारिश से फूलों का व्यवसाय काफी प्रभावित होता दिखाई दे रहा है. 


फूल फेंकने को मजबूर किसान
फूल विक्रेता व किसान निराश होकर अपने फूलों को फेंकने को मजबूर हो रहे हैं. उनका कहना है कि बारिश से विशेष तौर पर गेंदे के पौधे और फूल पूरी तरह प्रभावित होते हैं. उनमें काले धब्बे लग जाते हैं. निश्चित तौर पर बीते चार-पांच दिनों में हुई हल्की बूंदा बांदी इन फूल विक्रेताओं और किसानों के लिए एक मुसीबत बनी है.


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