पेड़ों को पृथ्वी के फेफड़े कहा जाता है

इनके बिना धरती पर जीवन संभव नहीं है

कम पेड़ों वाले क्षेत्रों में लोगों का जीवन बेहाल हो जाता है

हैरानी वाली बात हैं कि कुछ देशों में एक भी जंगल नहीं है

World Bank की परिभाषा से इन देशों में एक भी जंगल नहीं है

ग्रीनलैंड में, नाम के विपरीत, पेड़-पौधों की बेहद कमी हैं

यह देश पूरी तरह से बर्फ से ढका रहता है

कतर जैसे समृद्ध देश में भी न के बराबर पेड़ हैं

यहां दूर-दूर तक रेगिस्तान ही देखने को मिलेगा